mp weather Update,मध्यप्रदेश में 4 दिनो में इन जिलों में होगी भारी बारिश जाने

Ramkumar Patel
6 Min Read

आपको बता दें कि मध्य प्रदेश में आने वाले 4 दिनो में इन चार जिलों में बारिश होने की मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कोन कोन से जिले है जिनमे बारिश का अलर्ट जारी हुआ है उसके बारे में हम आपको पूरी जानकारी देने जा रहे हैं इसलिए आर्टिकल को ध्यान से जरूर पढ़ें।

मध्यप्रदेश में चक्रवाती तूफान बिपरजॉय का असर दिखने को मिलेगा

आपको बता दे मौसम विभाग के अनुसार मध्यप्रदेश में चक्रवाती तूफान बिपरजॉय का असर दिखने लगा है। पश्चिमी क्षेत्र में हवाओं की रफ्तार बढ़ गई है। अगले तीन-चार दिनों तक कई इलाकों में बारिश की संभावना है। 1 जून को मप्र में मानसून प्रवेश कर सकता है। अगले 24 घंटों के लिए विभाग ने दस जिलों में बारिश का अलर्ट दिया गया है। वहीं सात से आठ जिलों में लू चलने की भी संभावना जताई गई है। इसलिए घर से बाहर निकलने से पहले सावधानी जरूर रखे।

अभी इन जिलों में हुई हल्की बारिश

आपको बता दे आगे ताजा हालात की बात करे तो बीते 24 घंटों के दौरान उज्जैन, जबलपुर एवं ग्वालियर संभागो के जिलों में कहीं-कहीं हल्की वर्षा हुई। अधिकतम तापमान में भी विशेष परिवर्तन नहीं हुआ। अगले 24 घंटों के लिए मौसम विभाग का पूर्वानुमान कहता है कि भोपाल, धार, रतलाम, उज्जैन, नीमच, ग्वालियर, मुरैना, श्योपुरकलां, पन्ना, छतरपुर जिलों में कहीं-कहीं वर्षा या गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। इसके लिए मौसम विभाग ने यलो अलर्ट भी जारी किया है। इसके अलावा विभाग ने दमोह, छतरपुर, टीकमगढ़, उमरिया जिलों में कहीं-कहीं गर्म रात होने और उमरिया, जबलपुर, नरसिंहपुर, दमोह, छिंदवाड़ा, सिवनी और बालाघाट जिलों में कहीं-कहीं लू चलने की संभावना है। 48 घंटे बाद तापमान में भी 2-4 डिग्री तक गिरावट संभव है। मौसम विभाग ने जल्द अन्य जिले में बारिश होने की संभावना जताई है।

तापमान में लगातार हो रहा उतार-चढ़ाव

आपको बता दे की हाल ही में मौसम विभाग के आंकड़े देखें तो तापमान में मामूली उतार-चढ़ाव रहा। बादलों की वजह से दिन का तापमान 42 डिग्री के आसपास बना रहा। प्रदेश में सबसे तापमान रीवा रहा। यहां दिन का पारा 42.6 डिग्री दर्ज किया गया। वहीं ग्वालियर और सतना की रात सबसे गर्म रही। दोनों ही जगह न्यूनतम तापमान 31.1 डिग्री दर्ज किया गया। बादल बने रहने से रात का तापमान लगभग स्थिर ही रहा। लगातार हो रहे मोसम में बदलाव के चलते कई जिले में भारी बारिश के साथ तूफान आने की संभावना मौसम विभाग ने जारी की है।

चक्रवात बिपरजॉय कमजोर पड़ने के बाद गहरा असर

आपको बता दे की मौसम वैज्ञानिकों की मानें तो चक्रवात बिपरजॉय कमजोर पड़ने के बाद गहरा अवदाब के क्षेत्र में परिवर्तित होकर वर्तमान में दक्षिण-पश्चिमी राजस्थान और उससे लगे गुजरात पर बना हुआ है। शनिवार शाम तक चक्रवात बिपरजॉय के और कमजोर पड़कर अवदाब के क्षेत्र में परिवर्तित होने की संभावना है। चक्रवात का असर अभी से मप्र में भी दिखने लगा है। लगभग 25 किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से हवाएं चल रही हैं। हवाओं के साथ नमी आने के कारण बादल छाने लगे हैं। बिपरजॉय के आगे बढ़ने पर रविवार को ग्वालियर, चंबल, सागर संभाग के जिलों में लगभग 50 किमी. प्रतिघंटा की रफ्तार से हवाएं चलेंगी। साथ ही तेज बौछारें पड़ने की संभावना है। सोमवार को पूर्वी मप्र के रीवा, जबलपुर, शहडोल संभाग के जिलों में भी तेज रफ्तार से हवाएं चलने के साथ झमाझम वर्षा होने के आसार है इसलिए जब भी आप घर से बाहर निकले तो अपना ध्यान जरूर रखें।

इन जिलों में हो सकती है बारिश

आपको बता दे मौसम विभाग के विशेषज्ञ बता रहे हैं कि 18-19 जून को ग्वालियर-चंबल संभाग में बारिश की संभावना जताई गई है। इसके बाद प्रदेश के पूर्वी हिस्से भी भीगेंगे। टीकमगढ़, निवाड़ी, छतरपुर, रीवा और सतना में 28-30 मई को बारिश हो सकती है। कहीं-कहीं तेज बारिश हो सकती है। 02-15 जून को भी प्रदेश में मौसम बदला सा रहेगा। 23-24 जून तक पूर्वी मप्र के रास्ते दक्षिण-पश्चिम मानसून के मप्र में प्रवेश करने की संभावना भी बन रही है। नहीं अगर मानसून मध्यप्रदेश में आने की बात करें तो 23 से 24 जून तक मानसून मध्यप्रदेश में आ सकते हैं।

सारंस

इस आर्टिकल में हमने आपको मध्य प्रदेश के मौसम के बारे में जानकारी दी आशा है आपको पूरी जानकारी समझ में आ गई होगी इसी तरह की और महत्वपूर्ण जानकारी के लिए हमारी वेबसाइट को फॉलो जरूर करें साथ ही इस आर्टिकल को शेयर जरूर करें धन्यवाद।

Share This Article
Follow:
Hello friends, I am Ram patel, editor-in-chief of khbri.in, khbri.in is a news site, in this you are given information about important government schemes along with latest and trending news, you follow us on social media.
Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: